ईरान समर्थित लड़ाकों पर अमेरिका का हमला, 5 की मौत

अमेरिका का कहना है कि उसने ईरान समर्थित लड़ाकों पर हमले किये हैं. अमेरिका रक्षा विभान ने एक बयान में कहा है कि उसने इराक़ और सीरिया में ये कार्यवाही इराक़ में अमेरिकी लोगों और सुविधाओं पर हुए ड्रोन हमले के जवाब में की हैं.
पेंटागन ने बताया कि राष्ट्रपति जो बाइडन ने इराक़-सीरिया सीमा पर हमले के आदेश दिये थे. उन्होंने आगे बताया कि अमेरिका ने जो भी कार्यवाही की है वो अपने क़ानून के दायरे में और आत्मरक्षा के लिए की है.
वहीं इराक़ी बॉर्डर गार्ड्स का कहना है कि इस हमले में सशस्त्र बल के कम से कम चार लोग मारे गए हैं. इससे पूर्व राष्ट्रपति बाइडन ने फ़रवरी महीने में हमले का आदेश दिया था.
पेंटागन ने रविवार को घोषणा की कि उसने इराक़-सीरिया सीमा पर, ईरान समर्थित गुटों के हमले के जवाब में टार्गेटड हमले किये. इस सीमित और लक्षित हमले में सशस्त्र बल के कम से कम पांच लड़ाके मारे गए हैं.
ये हमले ऐसे समय में हुए हैं जब अमेरिका एक ओर तो ईरान से जुड़े इराक़ी गुटों को इराक़ी प्रतिष्ठानों पर हाल में हुए हमलों का दोषी ठहराता है वहीं तेहरान के साथ परमाणु समझौते को दोबारा से लागू करने की उम्मीद भी करता है.
पेंटागन के प्रवक्ता जॉन किर्बी ने ट्वीट किया है, “अमेरिकी सैन्य बलों ने आज शाम इराक़-सीरिया सीमा क्षेत्र में ईरान समर्थित विद्रोहियों के ठिकानों और उनकी सुविधाओं के ख़िलाफ़ रक्षात्मक और सटीक हवाई हमले किये.”
प्रवक्ता जॉन किर्बी ने यह भी स्पष्ट किया कि ये हमले अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडन के दिशा-निर्देश के बाद किये गए.
एक बच्चे की मौत भी हुई
अमेरिका ने इस हमले में हुए नुक़सान और हताहतों के बारे में कोई जानकारी नहीं दी है लेकिन ब्रिटेन स्थित सीरियन ऑब्ज़र्वेटरी फॉर ह्यूमन राइट्स ने कहा कि अमेरिकी युद्धक विमानों के हमले में कम से कम पांच ईरान समर्थित इराक़ी लड़ाके मारे गए हैं और कई अन्य घायल हुए हैं.
वॉर मॉनिटर (जो सूचना एकत्र करने के लिए सीरिया में स्रोतों के एक नेटवर्क पर निर्भर है) ने कहा है कि इस हमले में सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया गया था.
सीरिया की सरकारी समाचार एजेंसी सना ने कहा कि इस हमले में एक बच्चे की मौत हो गई है और कम से कम तीन अन्य लोग घायल हुए हैं.
पेंटागन के प्रवक्ता किर्बी ने कहा कि ये टारगेट इसलिए चुने गए क्योंकि इन जगहों का इस्तेमाल ईरान समर्थित लड़ाके, इराक़ में अमेरिकी कर्मियों और सुविधाओं के ख़िलाफ़ ड्रोन हमले में करते हैं.
जिन ईरान समर्थित गुटों पर कार्रवाई हुई है किर्बी ने उन गुटों का नाम काताब हिज़बुल्लाह और काताब सैय्यद अल-शुहादा बताया और कहा कि ये ईरान समर्थित कई लड़ाका समूहों में से एक थे.
इराक़ में 2,500 अमेरिकी सैनिक
इस साल की शुरुआत से अब तक इराक़ में अमेरिकी प्रतिष्ठानों और अमेरिकियों के ख़िलाफ़ 40 से अधिक हमले हो चुके हैं. इराक़ में 2,500 अमेरिकी सैनिक इस्लामिक स्टेट समूह के ख़िलाफ़ एक अंतरराष्ट्रीय गठबंधन के तहत तैनात हैं.
किर्बी ने कहा कि ईरान समर्थित समूहों द्वारा इराक़ में अमेरिकी सैनिकों के ख़िलाफ़ लगातार हो रहे हमलों को देखते हुए राष्ट्रपति बाइडन ने इन हमलों को रोकने के लिए सैन्य कार्रवाई का निर्देश दिया.
राष्ट्रपति पद संभालने के बाद से बाइडन के आदेश पर सीरिया में ईरान समर्थित लड़ाकों के ख़िलाफ़ अमेरिका का यह दूसरा हमला है.
-BBC