टिकैत की अगुआई में 200 किसानों का जंतर मंतर पर विरोध प्रदर्शन

नई दिल्‍ली। दिल्ली की सीमा पर कृषि क़ानूनों का महीनों से विरोध कर रहे किसानों में से 200 किसानों का एक दल किसान नेता राकेश टिकैत की अगुआई में संसद भवन के पास जंतर मंतर पहुँच गया है.
हरियाणा से लगी सिंघु सीमा पर धरना दे रहे पहचान पत्र लगाए और अपनी यूनियनों का झंडा लिए ये किसान बस से से दिल्ली पहुँचे. इन बसों को पुलिस सुरक्षा दे रही थी.
संसद भवन से थोड़ी ही दूर किसानों का धरना 11 बजे से शुरू होना था मगर उन्हें पहुँचते लगभग साढ़े बारह बज गए.
किसान नेता शिव कुमार कक्का ने कहा कि पुलिस ने रास्ते में उनकी बस को तीन जगहों पर रोका और उनके आधार कार्ड की जाँच की.
जंतर मंतर पहुँचकर किसानों ने नारे लगाए और सरकार से तीनों कृषि क़ानूनों को निरस्त करने की माँग की.
राकेश टिकैत ने दिल्ली पहुँचकर कहा, “किसान अपनी अलग संसद चलाएँगे, सारे सांसद, चाहे वो किसी भी पार्टी के हों, उन्हें अपने क्षेत्र में आलोचना का सामना करना पड़ेगा अगर उन्होंने सदन में हमारी आवाज़ नहीं उठाई.”
इस बीच सरकार ने एक बार फिर कहा है कि वो किसानों से चर्चा के लिए तैयार है.
कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने कहा, “हमने किसानों से नए कृषि क़ानूनों के संदर्भ में बात की है। किसानों को कृषि क़ानूनों के जिस भी प्रावधान मे आपत्ति हैं वे हमें बताए, सरकार आज भी खुले मन से किसानों के साथ चर्चा करने के लिए तैयार है.”
आंदोलनकारी किसानों ने किसान संसद का एलान काफ़ी पहले कर दिया था और कहा था कि दिल्ली जाने वाले किसानों के पास पहचान पत्र होगा और वो पुलिस की सुरक्षा में जाएँगे,
इस साल 26 जनवरी को किसानों के दिल्ली में लाल क़िले पर जाकर विरोध करने के दौरान हिंसा हुई थी जिसे देखते हुए पुलिस इस बार सतर्क है.
-BBC