इमरान खान के RSS संबंधी बयान का इंद्रेश कुमार ने दिया जवाब

लखनऊ। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान के बयान पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ RSS ने पलटवार किया है। आरएसएस के इंद्रेश कुमार ने कहा कि इमरान खान अपने आतंकी संबंधों पर पर्दा डालने के लिए आरएसएस को दोष दे रहे हैं।
उन्होंने कहा कि पाकिस्तनी मानसिकता वाले लोगों ने हिंदुस्तान में जहर घोलकर विभाजन कराया और फिर 1971 में पाकिस्तान भी टूट गया।
शुक्रवार को ताशकंद में इमरान खान से अफगानिस्तान में तालिबान को बढ़ावा देने पर सवाल पूछा गया था। हालांकि इमरान इसका जवाब टाल गए और इसके बजाय उन्होंने भारत में रुकी हुई बातचीत के पीछे आरएसएस विचारधारा को दोषी ठहराया था।
‘पाकिस्तानी मानसिकता ने देश में विभाजन कराया’
आरएसएस के इंद्रेश कुमार ने समाचार एजेंसी एएनआई से बातचीत में कहा, ‘इमरान खान पाकिस्तान के प्रधानमंत्री और हुक्मरान, अपना आतंकी और तालिबानी चेहरा छिपाने के लिए आरएसएस को कोसने का काम करने लग गए हैं। पाकिस्तानी मानसिकता के हुक्मरानों ने 1947 से पहले हिंदुस्तान में जहर घोलकर हिंदुस्तान का विभाजन कराया।’
‘खून की नदियों में तैर रहे हैं बलूच, पख्तून और सिंध’
इंद्रेश कुमार ने आगे कहा कि ‘3 करोड़ लोग इससे गुजरे, 12 लाख से अधिक लोगों की मौत हुई। लाखों बहु-बेटियों की इज्जत लूटी गई, उन्हीं की तालिबानी आतंकी प्रवृत्ति के कारण 1971 में फिर पाकिस्तान टूटा और उसमें से बांग्लादेश अलग हुआ। उन्हीं की तालिबानी और आतंकी मानसिकता के कारण सिंध, बलूच, पख्तून आज भी खून की नदियों के अंदर तैर रहे हैं।’
‘आरएसएस की विचारधारा आड़े आ गई’
ताशकंद में जब इमरान खान से पूछा गया कि क्या बातचीत और आतंक एक साथ चल सकते हैं? इस पर इमरान ने जवाब दिया, ‘मैं भारत से कह सकता हूं कि हम लंबे समय से इंतजार कर रहे हैं कि हम सभ्य पड़ोसियों की तरह रहें लेकिन हम क्या कर सकते हैं? आरएसएस की विचारधारा आड़े आ गई है।’
-एजेंसियां