आधुनिक समय का हर क्रिकेटर दुनिया भर के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ियों के साथ खेलना और प्रतिस्पर्धा करना चाहता है। आईपीएल एक ऐसा टूर्नामेंट है जो उन्हें ऐसा करने की अनुमति देता है। इसे दुनिया की सर्वश्रेष्ठ टी 20 लीग में से एक माना जाता है।
दुनिया भर के खिलाड़ी आईपीएल खेलने के लिए बहुत उत्सुक रहते हैं। वास्तव में, कई खिलाड़ियों ने खुद यह माना है कि वे आईपीएल में खेलने के बाद बेहतर हो गए हैं और आईपीएल के कारण अपने खेल को बेहतर समझ रहे हैं। लेकिन हर खिलाड़ी ऐसा नहीं सोचता है।
ऐसे भी कुछ खिलाड़ी हैं जिन्होंने आईपीएल ऑफर ठुकराए हैं। यहां हम आपको 5 ऐसे खिलाड़ी दिखाने जा रहे हैं, जो आईपीएल ऑफर ठुकरा चुके हैं:-

5. कुसल परेरा
2018 में जब डेविड वार्नर को क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया (सीए) ने 12 महीने के लिए प्रतिबंधित कर दिया था, तो उस साल उन्हें आईपीएल में हिस्सा लेने की भी अनुमति नहीं थी। उस समय वह सनराइजर्स हैदराबाद (SRH) के कप्तान थे लेकिन केन विलियमसन कप्तानी की जिम्मेदारी संभाली। लेकिन, टीम को एक प्रतिस्थापन बल्लेबाज की तलाश थी।
हैदराबाद की फ्रेंचाइजी ने ऑस्ट्रेलियाई ओपनर के प्रतिस्थापन के लिए कुसल परेरा से संपर्क किया। हालांकि, सभी को आश्चर्यचकित करते हुए, डैशिंग श्रीलंकाई बल्लेबाज ने आईपीएल ऑफर को ठुकरा दिया। वह उस समय अच्छी फॉर्म में थे और निदाहस ट्रॉफी में चार पारियों में उन्होंने 204 रन बनाए थे और इसलिए, SRH ने सोचा कि श्रीलंका के सलामी बल्लेबाज, वार्नर का आदर्श प्रतिस्थापन हो सकते है।
हालाँकि, परेरा ने श्रीलंका में घरेलू क्रिकेट खेलने और टेस्ट टीम में वापसी पर काम करने के कारण आईपीएल प्रस्ताव को अस्वीकार कर दिया था। जिसके बाद, उन्होंने जून 2018 में वेस्टइंडीज दौरे के लिए टेस्ट टीम में वापसी कर ली थी।
4. मिचेल मार्श
मिचेल मार्श ने भले ही अक्टूबर 2011 में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण किया हो, लेकिन बहुत से लोग नहीं जानते हैं कि यह आईपीएल के तीसरे सीजन(2010) से इस लीग का हिस्सा हैं। वह डेक्कन चार्जर्स के लिए खेले थे। हालांकि, उन्होंने केवल तीन मैचों में भाग लिया जहां उन्होंने 28 रन बनाए और दो विकेट लिए।
2011 में, उन्हें पुणे वॉरियर्स इंडिया (PWI) द्वारा $290,000 की राशि में खरीदा गया था। उन्होंने दो सत्रों (2011 और 2013) में 14 मैच खेले। 2016 में, राइजिंग पुणे सुपरजायंट (RPS) ने उन्हें INR 4.8 करोड़ में खरीदा। वह उस सीजन में सिर्फ तीन मैच खेले। इसके बाद 2017 में वे चोट के कारण टूर्नामेंट में हिस्सा नहीं ले सके।
हालांकि, पिछले साल, ऑस्ट्रेलियाई पेस-बॉलिंग ऑलराउंडर ने अपनी टेस्ट वापसी पर काम करने के लिए $3 मिलियन के आईपीएल अनुबंध को ठुकरा दिया था।
3. आरोन फिंच
इसमें कोई संदेह नहीं है कि आरोन फिंच टी20 क्रिकेट में सबसे विनाशकारी सलामी बल्लेबाजों में से एक है। इसके अलावा, वह टी20 प्रारूप में सबसे अधिक मांग वाले खिलाड़ियों में से एक है। उन्होंने 2010 के सीज़न में अपनी शुरुआत से अब तक सात आईपीएल टीमों के लिए खेला है।
हालांकि, 2018 में निराशाजनक प्रदर्शन के बाद, उन्होंने अपने ऑस्ट्रेलियाई साथी ग्लेन मैक्सवेल के साथ आईपीएल 2019 की नीलामी से बाहर होने का फैसला किया, जहां उन्हें किंग्स इलेवन पंजाब द्वारा INR 6.2 करोड़ की राशि पर खरीदा गया था।
आईपीएल में फिंच ने 75 मैच खेले और 25.93 के औसत से 1737 रन बनाए, वह 2019 की नीलामी में सबसे ज्यादा सुर्खियों में रहे थे। फिंच छोटे प्रारूपों में ऑस्ट्रेलिया का नेतृत्व करना चाहते थे और विश्व कप की तैयारी कर रहे थे, इसलिए उन्होंने 2019 सीज़न के लिए आकर्षक टी20 लीग से बाहर होने का फैसला किया।
2. तुषार देशपांडे
सभी टीमें अक्सर आईपीएल ट्रेल्स के लिए युवाओं और स्थानीय प्रतिभाओं को बुलाती हैं। यह आमतौर पर आईपीएल नीलामी से पहले होता है, जिसमें टेस्ट्स के आधार पर टीमें खिलाड़ियों को चुनने या न चुनने का निर्णय लेती है।
मुंबई के एक युवा तेज गेंदबाज तुषार देशपांडे को पिछले साल ऐसा मौका मिला था। 2019 की नीलामी से पहले उन्हें किंग्स इलेवन पंजाब (KXIP) द्वारा ट्रायल के लिए बुलाया गया था। हालांकि, मुंबई के तेज गेंदबाज ने इस प्रस्ताव को ठुकरा दिया। इसके बजाय, उन्होंने पुरुषोत्तम शील्ड राउंड मैच में सीसीआई के खिलाफ अपनी क्लब टीम पारसी जिमखाना के लिए खेलने का फैसला किया।होनहार तेज गेंदबाज को लगता है कि अगर वह हर जगह अपना 100% देंगे है, तो उन्हें ट्रायल देने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
1. रवि बोपारा
इंग्लैंड क्रिकेट बोर्ड (ईसीबी) शुरुआती वर्षों में आईपीएल के पक्ष में नहीं था। वास्तव में, खिलाड़ियों के आईपीएल में खेलने के कारण यह राष्ट्रीय टीम के साथ उनके अनुबंध को प्रभावित करता है। इसलिए, यह एक मुख्य कारण था, जिसकी वजह से इंग्लैंड के अधिकांश खिलाड़ी शुरूआती कुछ वर्षों तक भारतीय टी20 लीग से दूर रहे।
रवि बोपारा भी उनमें से एक थे जो इस टूर्नामेंट से दूर रहते थे। एसेक्स के आलराउंडर ने खुलासा किया था कि उन्हें आईपीएल अनुबंध की पेशकश की गई थी। हालांकि, वह आईपीएल की शानदार पेशकश के बावजूद इंग्लैंड के लिए खेलने पर केंद्रित थे। लेकिन बोपारा ने 2009 और 2010 में किंग्स इलेवन पंजाब (KXIP) के लिए दो सीजन खेले।
इंग्लैंड के ऑलराउंडर ने 2011 में एक आईपीएल ठुकराया था, जब उन्हें मुंबई इंडियंस द्वारा 150,000 पाउंड के अनुबंध की पेशकश की गई थी। लेकिन 2015 में, बोपारा ने सनराइजर्स हैदराबाद (SRH) के लिए खेला। हालांकि, इसके बाद से बोपारा आईपीएल में नहीं आये हैं और भारतीय दर्शक अब तक उनका इंतजार कर रहे हैं।