जानिए कितनी होती है प्रधानमंत्री और सांसदों की सैलरी?

नई दिल्ली। पीएम नरेंद्र मोदी आज शाम 7 बजे दूसरी बार प्रधानमंत्री पद की शपथ लेंगे, इस भव्य कार्यक्रम में शामिल होने के लिए 8000 मेहमानों को न्योता भेजा गया है, आज के भव्य कार्यक्रम के मेहमानों, मैन्यू, वैन्यू के बारे में तो पता चल गया है लेकिन अभी तक इस बात का खुलासा नहीं हुआ है कि मोदी के साथ वो लोग कौन होंगे, जो आज उनके साथ मंत्री पद की शपथ लेंगे।अब कौन बनेगा मंत्री इस बात से पर्दा तो कुछ घंटों के बाद ही हट जाएगा लेकिन क्या कभी आपने सोचा है कि देश के संवैधानिक पोस्ट पर रहने वाले लोगों का वेतन कितना होता है, अगर नहीं तो चलिए आज जानते हैं कि पीएम और सांसदों की सैलरी कितनी होती है…

पीएम की होती है इतनी सैलरी

भारत के प्रधानमंत्री की सैलरी 1.60 लाख रुपये प्रतिमाह होती है, वेतन के अलावा पीएम को प्रतिदिन भत्ता भी मिलता है जो 2000 रुपये होता है, उस हिसाब से पीएम को 62,000 रुपये मिल जाते हैं, इसके अलावा उन्हें 45,000 रुपये का कांस्टीट्यूएंसी यानी चुनाव क्षेत्र भत्ता भी मिलता है।

सुख-सुविधाएं भी मिलती हैं

पीएम के रिटायर होने के बाद भी उन्हें 20,000 रुपये प्रतिमाह की पेंशन मिलती है और रहने के लिए दिल्ली में एक बंगला मिलता है, जिसमें उनके साथ पीए और एक चपरासी होता है।
मुफ्त में रेल और हवाई यात्राओं का लाभ
रिटायर होने के बाद भी प्रधानमंत्री को मुफ्त में रेल और हवाई यात्राओं का लाभ मिलता है, यही नहीं 6,000 रुपये प्रति वर्ष ऑफिस के खर्च के तौर पर दिए जाते हैं और एक साल के लिए SPG कवर भी दिया जाता है। 

यह है सांसदों की सैलरी

देश के सभी सांसदों को ‘द सैलरी, अलाउंस एंड पेंशन ऑफ मेंबर्स ऑफ पार्लियामेंट एक्ट’ के तहत वेतन दिया जाता है, इसके तहत एक सांसद को 1,00,000 रुपये की बेसिक सैलरी और 45,000 रुपये का चुनाव भत्ता मिलता है। 

विधायकों को सैलरी भी एक लाख से ऊपर है…

जबकि विधायकों को सैलरी भी एक लाख से ऊपर है, प्रदेश के हिसाब से विधायकों की सैलरी में अंतर देखने को मिलता है, विधायकों को सबसे ज्यादा सैलरी देने वाले राज्यों में तेलंगाना नंबर वन है, तेलंगाना में विधायकों की सैलरी 2.5 लाख रुपये प्रतिमाह है, उसके बाद दिल्ली का नंबर है जहां के विधायकों की सैलरी 2.1 लाख रुपये प्रतिमाह है।